संजय राउत को जेल में एक-एक दिन पड़ रहा भारी,अब 3 अक्टूबर तक बढ़ी न्यायिक हिरासत

संजय राउत को जेल में एक-एक दिन पड़ रहा भारी,अब 3 अक्टूबर तक बढ़ी न्यायिक हिरासत

संजय राउत को अभी जेल में ही रहना पड़ेगा,अदालत ने नहीं दी राहत

मुंबई – महाराष्ट्र में शिवसेना के दिन अच्छे नहीं चल रहे.पहले सत्ता से हाथ धोना पड़ा. उसके बाद पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के सहयोगी संजय राउत को पत्रा चॉल घोटाले में 31 जुलाई को गिरफ्तार कर लिया गया. ईडी ने राउत के घर पर सुबह-सुबह छापा मारा था.संजय राउत को फिलहाल ईडी से कोई राहत नहीं मिलती दिख रही है.जेल में उनको एक एक दिन बिताना भारी पड़ रहा है. महाराष्ट्र की एक विशेष अदालत ने सोमवार को शिवसेना सांसद संजय राउत की न्यायिक हिरासत 14 दिनों के लिए और बढ़ा दी. यानी अब वह 3 अक्टूबर तक न्यायिक हिरासत में रहेंगे.

पात्रा चॉल घोटाले में घिरे शिवसेना नेता संजय राउत की जमानत याचिका का प्रवर्तन निदेशालय ने विरोध किया है. ईडी ने राउत की याचिका का विरोध करते हुए विशेष अदालत में अपना जवाब दाखिल किया है. गौरतलब है कि घोटाले के आरोप में संजय राउत 31 जुलाई से ईडी की गिरफ्त में हैं. ईडी की विशेष अदालत ने पांच सितंबर को राउत की हिरासत 19 सितंबर तक बढ़ाने का आदेश दिया था.

मामला 672 किरायेदारों के लिए पात्रा चॉल की रुकी हुई पुनर्विकास परियोजना से संबंधित है, जिसे गुरु आशीष कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड द्वारा लिया गया था, जिसमें संजय राउत के करीबी सहयोगी प्रवीण राउत निदेशकों में से एक थे. इस परियोजना में एस्बेस्टस की चॉलों का निर्माण होना था जिसे गरीब तबके को दिया जाना था.आरोप है कि बिल्डर ने चॉल का निर्माण टालकर संजय राहुत और उनकी पत्नी को आर्थिक लाभ पहुंचाया .दोनों को अकाउंट में करोड़ों रुपए आए.

ईडी ने दावा किया है कि परियोजना से एफएसआई की अवैध बिक्री से प्रवीण राउत को 112 करोड़ रुपये का फायदा हुआ था और उन्होंने आय का एक निश्चित हिस्सा संजय राउत और उनकी पत्नी को दिया था.

 

-आईएएनएस / भारत एक्सप्रेस

Also Read